गुरुवार, 26 नवंबर 2009

लघुकथा - योजना


" आज हजारो लोगो की मृत्यु नशे से हो रही है ,
लोग शराब पीकर बीमारियो से लड़ रहे है ,
अपनी जिन्दगी तबाह कर रहे है ,
हमें इस बुराई को समाज से ख़त्म करना है । हमारी सरकार इसके लिए योजनाये बना रही है । " चुनावी सभा में स्थानीय नेता रामजीभाईजी के इतना बोलते ही तालियों की गडगडाहट से माहोल चुनावी हो गया । जब नेताजी अपने लाव - लश्कर के साथ रवानगी लेने को थे ,तो एक टीवी पत्रकार ने उनसे पूछ लिया ,
" रामजी शराब से होने वाली मोतो को रोकने के लिए आपकी सरकार क्या योजना बना rahi रही है , जरा बताइए । "
"योजना बड़ी ही कारगर और गुप्त है , अभी बता दूंगा तो विपक्ष हंगामा मचा देगा । " सायरन की आवाज करती उनकी गाड़ी धूल उड़ाती हुई चली गई ।
अगले दिन नगर के प्रमुख दनिक में ख़बर छपी ।
" सरकार ने सो शराब की दुकानों को लाईसेंस दिया ,शराब पर टैक्स में वृदि् । टैक्स के मुनाफे से सरकार नशामुक्ति केन्द्र खोलेगी - रामजी भाई "
मंत्रीजी का बयान देख कर वह पत्रकार भी आवक था ।

-केशव जांगिड (लेखक)

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